दो नाबालिग बालिकाओं को कराया गया मुक्त
रायगढ़- जिले में महिलाओं और बच्चों के शोषण के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शहर में संचालित देह व्यापार के दो अड्डों का एक साथ भंडाफोड़ किया है. संयुक्त पुलिस टीम ने लालटंकी दानीपारा और मिट्ठूमुड़ा दुर्गा चौक क्षेत्र में एक साथ छापेमारी कर दो महिलाओं समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया. कार्रवाई के दौरान दो नाबालिग बालिकाओं को सुरक्षित मुक्त कराकर संरक्षण में लिया गया.
पुलिस ने दोनों मामलों में अनैतिक देह व्यापार (निवारण) अधिनियम, 1956 तथा पॉक्सो अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है. यह पूरी कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी के मार्गदर्शन तथा नगर पुलिस अधीक्षक एवं साइबर डीएसपी उन्नति ठाकुर के नेतृत्व में की गई. अभियान में थाना साइबर, कोतवाली और जूटमिल पुलिस की संयुक्त टीम शामिल रही. पुलिस को दोनों स्थानों पर देह व्यापार संचालित होने की गोपनीय सूचना मिली थी, जिसके बाद योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई को अंजाम दिया गया.
लालटंकी दानीपारा में पहला छापा पहली कार्रवाई थाना कोतवाली क्षेत्र के लालटंकी दानीपारा में की गई. पुलिस को सूचना मिली थी कि लक्ष्मी शर्मा अपने मकान में लड़कियों को बुलाकर देह व्यापार का संचालन कर रही है. सूचना की पुष्टि के लिए पुलिस ने पहले एक पाइंटर ग्राहक को 1,500 रुपये देकर मकान भेजा. पूर्व निर्धारित संकेत मिलते ही संयुक्त पुलिस टीम ने मौके पर दबिश दी. छापेमारी के दौरान मकान से संचालिका लक्ष्मी शर्मा (46 वर्ष) को गिरफ्तार किया गया. पुलिस ने उसके कब्जे से पाइंटर को दिए गए 500-500 रुपये के तीन नोट, कुल 1,500 रुपये तथा एक सैमसंग मोबाइल फोन बरामद किया. तलाशी के दौरान मकान के अलग-अलग कमरों से दो नाबालिग बालिकाएं मिलीं. इनमें से एक कमरे में ऋषभ शर्मा (24 वर्ष) भी मौजूद था. मौके से आपत्तिजनक सामग्री भी बरामद की गई.
पूछताछ में लक्ष्मी शर्मा ने स्वीकार किया कि वह पिछले एक-दो वर्षों से अपने मकान में लड़कियों को बुलाकर देह व्यापार करा रही थी. ग्राहकों से मिलने वाली रकम में से वह लड़कियों को भुगतान करती थी और शेष राशि स्वयं रखती थी. जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी आर्थिक लाभ के उद्देश्य से संगठित तरीके से यह अवैध गतिविधि संचालित कर रहे थे. इसके आधार पर पुलिस ने लक्ष्मी शर्मा और ऋषभ शर्मा के खिलाफ अनैतिक देह व्यापार (निवारण) अधिनियम की धारा 3, 4 एवं 5 तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 14 के तहत मामला दर्ज किया.
मिट्ठूमुड़ा दुर्गा चौक में दूसरी कार्रवाई इसी दौरान थाना साइबर और थाना जूटमिल की संयुक्त टीम ने मिट्ठूमुड़ा दुर्गा चौक स्थित एक अन्य मकान में भी छापेमारी की. यहां भी पुलिस ने पहले पाइंटर ग्राहक भेजकर सूचना का सत्यापन किया और संकेत मिलते ही टीम ने मकान में दबिश दी. मौके पर मकान संचालिका सुनीता मेहर (48 वर्ष) मिली. तलाशी के दौरान एक कमरे में एक महिला और अभय सिंह (42 वर्ष) निवासी मूलतः जिला सिवान (बिहार), वर्तमान निवासी पूंजीपथरा, संदिग्ध अवस्था में पाए गए. पूछताछ में दोनों ने अनैतिक कार्य के उद्देश्य से वहां मौजूद होने की बात स्वीकार की. तलाशी के दौरान पुलिस ने आपत्तिजनक सामग्री भी बरामद की. मकान में मौजूद दो अन्य महिलाओं ने भी पुलिस को बताया कि वे सुनीता मेहर के बुलावे पर देह व्यापार के लिए वहां आई थीं. इसके बाद पुलिस ने सुनीता मेहर और अभय सिंह के खिलाफ अनैतिक देह व्यापार (निवारण) अधिनियम, 1956 की धारा 3, 4 एवं 5 के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया.
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि अनैतिक देह व्यापार में संलिप्त व्यक्तियों और गिरोहों के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई कर उन्हें कानून के दायरे में लाया जाएगा.

