राजनांदगांव में धूमधाम से मनाया गया अभियंता दिवस
अभियंता दिवस पर सर एम. विश्वेश्वरैया को नमन
राजनांदगांव- अभियंता दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड राजनांदगांव क्षेत्र में गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राजनांदगांव क्षेत्र के मुख्य अभियंता हर्ष कुमार मेश्राम रहे. कार्यक्रम का शुभारंभ भारत रत्न एवं महान अभियंता सर मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया के तैलचित्र पर दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण कर किया गया. उपस्थित अभियंताओं ने सर विश्वेश्वरैया के राष्ट्र निर्माण में अतुलनीय योगदान एवं तकनीकी क्षेत्र में उनके आदर्शों को स्मरण करते हुए उन्हें नमन किया.
इस अवसर पर राजनांदगांव रीजन के उपभोक्ता फोरम के अध्यक्ष अश्वनी गौराहा, अतिरिक्त मुख्य अभियंता मंगल तिर्की, बी.के. कुमरे, अधीक्षण अभियंता शंकेश्वर कंवर, खूबचंद खोटे, एस.के. बण्ड, सुनील भुआर्य सहित राजनांदगांव क्षेत्र के समस्त कार्यपालन अभियंता, सहायक अभियंता एवं कनिष्ठ अभियंता उपस्थित रहे.
राजनांदगांव क्षेत्र के मुख्य अभियंता हर्ष कुमार मेश्राम ने अभियंता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि अभियंता किसी भी राष्ट्र के विकास की तकनीकी रीढ़ होते हैं. विद्युत क्षेत्र में अभियंताओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि विद्युत केवल एक सेवा नहीं बल्कि कृषि, उद्योग, व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और प्रत्येक क्षेत्र के विकास की आधारभूत आवश्यकता है.
उन्होंने कहा कि आज विद्युत क्षेत्र तेजी से तकनीकी परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है. बढ़ती विद्युत मांग के अनुरूप अधोसंरचना का विस्तार, विद्युत व्यवस्था का आधुनिकीकरण, नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा, स्मार्ट मीटरिंग तथा डिजिटल तकनीकों का उपयोग जैसी नई चुनौतियां हमारे सामने हैं. ऐसे समय में अभियंताओं को अपनी तकनीकी दक्षता के साथ नवाचार, समयबद्धता और उपभोक्ता सेवा को सर्वाेच्च प्राथमिकता देनी होगी.
मेश्राम ने कहा कि राजनांदगांव क्षेत्र के अभियंता विषम परिस्थितियों में भी विद्युत व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं. उन्होंने सभी अभियंताओं का आह्वान करते हुए कहा कि सुरक्षित, विश्वसनीय एवं निर्बाध विद्युत आपूर्ति के साथ उपभोक्ताओं की समस्याओं का त्वरित एवं संवेदनशीलता के साथ निराकरण करना हमारी सर्वाेच्च जिम्मेदारी है. उन्होंने सर मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया के जीवन से प्रेरणा लेते हुए अभियंताओं से तकनीकी उत्कृष्टता, अनुशासन, ईमानदारी और राष्ट्रहित को अपने कार्य का आधार बनाने का आह्वान किया.
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि विद्युत व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण में अभियंताओं की भूमिका केवल तकनीकी कार्यों तक सीमित नहीं है. नए विद्युत उपकेन्द्रों का निर्माण, पॉवर ट्रांसफार्मरों की क्षमता वृद्धि, विद्युत लाइनों का विस्तार एवं आधुनिकीकरण, फीडर विभाजन एवं पृथक्करण, एबी केबलिंग, स्मार्ट मीटरिंग तथा सौर ऊर्जा जैसी आधुनिक व्यवस्थाओं को प्रभावी रूप से लागू करने में अभियंताओं का योगदान महत्वपूर्ण है. तेजी से बदलती तकनीक के दौर में अभियंताओ की जिम्मेदारी लगातार बढ़ रही है. स्मार्ट मीटरिंग, सौर ऊर्जा, प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना, विद्युत नेटवर्क के आधुनिकीकरण तथा डिजिटल माध्यमों से उपभोक्ता सेवाओं के विस्तार में अभियंताओं की तकनीकी भूमिका भी महत्वपूर्ण हो गई है.
अभियंता दिवस के अवसर पर राजनांदगांव क्षेत्र के अभियंताओं ने तकनीकी दक्षता, नवाचार, कार्य के प्रति समर्पण और उपभोक्ता सेवा की भावना के साथ विद्युत व्यवस्था को और अधिक मजबूत एवं विश्वसनीय बनाने का संकल्प लिया.
कार्यक्रम का वातावरण सर विश्वेश्वरैया के आदर्शों और अभियंताओं के गौरवपूर्ण योगदान के प्रति सम्मान एवं प्रेरणा से ओतप्रोत रहा.
