जांजगीर : छत्तीसगढ़ में बेरोजगारी बड़ी समस्या बन कर सामने आ रही है और यह समस्या धीरे-धीरे काफी विकराल रूप लेता जा रहा है. सरकार के तमाम कोशिशों के बावजूद बोरोजगारों को इस समस्या से निजात नहीं मिल पा रहा. नौकरी के लिए चक्कर काटकर मायूस हो चुके बेरोजगार युवा अब कुंठित मानसिकता के कारण आसानी से ठगी के शिकार हो रहे. नौकरी लगाने के नाम पर ठगी करने के मामले आए दिन सामने आते रहते हैं इसके बावजूद बेरोजगार युवा जागरूक नहीं हो पा रहे हैं इसी का फायदा ठगी करने वाले ठग उठा रहे है.
ऐसा ही एक मामला जांजगीर से सामने आया है जहां नौकरी लगाने के नाम पर 20 लाख की ठगी करने वाले पिता-पुत्र को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. इन दोनों आरोपियों ने SECL में नौकरी लगाने के नाम पर फर्जी नियुक्ति पत्र भी दिया था. ठगी का शक होते ही पीड़ित ने मामले की शिकायत दर्ज करवाई.
बता दें कि जांजगीर के पोड़ीराछा गांव का रहने वाले पिता-पुत्र ने SECL में नौकरी लगाने के नाम पर झांसा देकर 20 लाख की ठगी वारदात को अंजाम दिया. ये रकम नगद और ऑनलाइन के माध्यम से दी गई थी. आरोपी को इतना ही नहीं इन आरोपियों ने पीड़ित को फर्जी नियुक्ति पत्र भी दिया था. जिसके बाद नवागढ़ पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मामला दर्ज कर जांज शुरू की.
पुलिस की जांच में पता चला कि आरोपी आयुर्वेद विभाग का कर्मचारी है. पुलिस ने आरोपी पिता को हिरासत में लिया और आरोपी बेटा अमन राज दिवाकर अब भी फरार है. मामले में पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 420, 467, 468, 471, 34 के तहत जुर्म दर्ज किया है.
