छत्तीसगढ़ के कर्मचारियों को बड़ी सौगात: कैशलेस चिकित्सा योजना पर शासन की मुहर, अब इलाज होगा पूरी तरह अनलिमिटेड
रायपुर। छत्तीसगढ़ कैशलेस चिकित्सा सेवा कर्मचारी कल्याण संघ की लंबे समय से लंबित एक सूत्रीय मांग पर शासन ने मुहर लगा दी है. सचिव स्तर पर आयोजित बैठक में संगठन की प्रमुख मांगों को स्वीकार करते हुए कर्मचारियों और उनके परिवारों के लिए कैशलेस चिकित्सा योजना को और अधिक प्रभावी बनाने का निर्णय लिया गया.

नई व्यवस्था के तहत कर्मचारियों के ई-हेल्थ कार्ड संबंधित विभाग द्वारा बनाए जाएंगे। इस कार्ड के माध्यम से कर्मचारियों एवं उनके आश्रितों को पूरी तरह कैशलेस और बिना किसी उपचार सीमा (लिमिटलेस) के इलाज की सुविधा मिलेगी। योजना का उद्देश्य कर्मचारियों को बेहतर और निर्बाध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है.
योजना के संचालन में किसी प्रकार की समस्या न हो, इसके लिए कस्टमर केयर सुविधा भी शुरू की जाएगी, जिससे कर्मचारियों को आवश्यक सहायता समय पर मिल सके.
वर्तमान में राज्य के 134 अस्पतालों तथा राज्य के बाहर 64 मान्यता प्राप्त अस्पतालों में इलाज की सुविधा उपलब्ध है। संगठन ने अस्पतालों की संख्या बढ़ाने की मांग रखी थी, जिस पर शासन ने सकारात्मक सहमति जताते हुए जल्द ही नई सूची जारी करने का आश्वासन दिया.
संगठन ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए प्रदेशभर के कर्मचारियों को बधाई दी और शासन के प्रति आभार व्यक्त किया.सचिव स्तर की बैठक में प्रदेश अध्यक्ष उषा चंद्राकर, प्रदेश संरक्षक राकेश सिंह, प्रदेश संयोजक पीयूष गुप्ता, देवप्रसाद साहू तथा रविशंकर सिंह सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे.


