रायपुर जिले में एक ऐसे शिक्षिका का रिटायरमेंट हुआ जिन्होंने अपनी 38 वर्षीय शिक्षकीय कार्य में 15 साल एक ही स्कूल में सेवा दिए. जब उनकी विदाई हुई तो हर आंख नम हो गई. लोगों ने उन्हें भावुक होकर विदाई दी. ग्राम बड़े उरला अभनपुर के मिडिल स्कूल में पदस्थ शिक्षिका अन्नपूर्णा चौहान ने शिक्षा जगत में एक ऐसी ही मिसाल कायम की जो हर किसी के लिए प्रेरणास्पद रहेगी.
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अन्नपूर्णा चौहान अपने कार्य के अनुभव को साझा करते हुए कहा कि हम अनुशासनशील रहकर ईमानदारी पूर्वक कार्य करें. अध्यक्षीय उद्बोधन में प्रधानपाठक पवन गुरूपंच ने कहा कि शिक्षक माली की तरह है जो छात्र रूपी पौधे को पुष्पित पल्लवित करते हैं. विशेष अतिथि अजय वर्मा सहायक विकास खंड शिक्षा अधिकारी ने अपने उद्दबोधन में कहा कि मैडम शैक्षणिक कार्य से भले अलग हो रही है, उन्हें पारिवारिक, सामाजिक कार्य की नई जिम्मेदरियां मिलने जा रही है. डॉ एस. एल. चंद्राकर पूर्व पार्षद ने कहा मैडम सामाजिक विज्ञान की शिक्षिका रही है लेकिन विद्यालय के आवश्यकता के अनुसार खुद ट्यूशन लेकर गणित विषय का अध्यापन किया है.
इस अवसर पर छात्र डोमेंद्र, रितेश, उमेन्द्र , प्रिंस, नितेश आदि ने भाषण, कविता एवं विदाई गीत सुनाए. उपस्थित सेवानिवृत शिक्षकगण एच. एल. गिलहरे, बी.बी. वर्मा ने शिक्षक के दायित्व पर प्रकाश डाला तो वहीं एन. डी. बंजारे ने स्वरचित विदाई गीत सुनाया. शाला प्रबंधन समिति के दिनेश अम्बिलकर, प्राथमिक शाला बड़े उरला के प्रधान पाठिका सुधा यदु, मिनिमाता प्रधान पाठिका डी.नीरजा ने मैडम चौहान को स्वस्थ, सुखी एंव उज्जवल भविष्य की मंगलकमना की. लंबे समय तक सहयोगी रहे प्रेमलता साहू और मीरा यादव शिक्षिका ने साथ में बिताए पलों को याद करते हुए भावुक हुए . जिससे माहौल गमगीन हो गया. शाला परिवार एवं आए हुए अतिथियों ने शॉल, श्रीफल, स्मृतचिन्ह आदि भेंटकर सम्मानित किया.
इस अवसर पर शाला प्रबंधन समिति के अध्यक्ष रामदास मिरी ,रतनलाल गिलहरे, इतवारी राम बघेल , एकलव्य साहू, इंदुप्रभा साहू, आरती यादव, फूलमनी महेश्वरी , बी.एड. प्रशिक्षणार्थी अमरनाथ चेलक , डैनिश गिलहरे, गीतांजलि ध्रुव, दिलेश्वर यादव ,रागिनी बैस, दुर्गा देवांगन ,श्वेता बैस , गीतांजलि ध्रुव सहित गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे. कार्यक्रम का संचालन व्यासनारायाण शिक्षक सह संकुल समन्वयक एवं आभार पुर्नेंद्र पॉल द्वारा किया गया.
