दुर्ग में पंडालों और गरबा आयोजनों के लिए पुलिस ने जारी किए सख्त निर्देश
दुर्ग- आगामी शारदीय नवरात्रि और दुर्गा उत्सव को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए दुर्ग पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड़ पर आ गई है. शुक्रवार (9 अक्टूबर) को पुलिस कंट्रोल रूम सेक्टर-6 में जिले के प्रमुख दुर्गा पूजा और गरबा आयोजकों की एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई. इसमें मध्यम और बड़े दुर्गा पंडालों व गरबा समितियों के प्रतिनिधि शामिल हुए. उल्लेखनीय है कि इस वर्ष शारदीय नवरात्रि का पावन पर्व 11 अक्टूबर से शुरू हो रहा है.
बैठक में एएसपी सिटी शोभराज अग्रवाल, एएसपी ट्रैफिक कौशलेन्द्र पटेल, सीएसपी भिलाई नगर और एसडीएम भिलाई सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे. अधिकारियों ने आयोजकों को सुरक्षा, यातायात, अग्नि सुरक्षा और ध्वनि नियंत्रण को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए और SOP भी वितरित की.
बैठक में दिए गए 10 प्रमुख निर्देश
- पंडाल का निर्माण मजबूत और मानकों के अनुसार हो, प्रवेश-निकास बाधामुक्त रखें.
- हर पंडाल में अग्निशमन यंत्र और फायर सेफ्टी उपकरण अनिवार्य.
- बिजली के खुले तार, ओवरलोडिंग से बचें, अधिकृत टेक्नीशियन से जांच कराएं.
- भीड़ नियंत्रण के लिए पर्याप्त स्वयंसेवक तैनात करें.
- पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था, सड़क पर अवैध पार्किंग न होने दें.
- एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड और पुलिस के लिए रास्ता खुला रखें.
- डीजे निर्धारित समय और ध्वनि सीमा में ही बजाएं, नियम तोड़ने पर कार्रवाई.
- गरबा आयोजनों में प्रवेश-निकास पर निगरानी और सुरक्षा गार्ड अनिवार्य.
- सभी आवश्यक अनुमतियां पहले लें, पुलिस-प्रशासन से समन्वय बनाए रखें.
- पर्याप्त रोशनी, सीसीटीवी और अफवाहों से बचने की अपील.
दुर्ग पुलिस ने आयोजकों से अपील की है कि उत्सव शुरू होने से पहले सभी सुरक्षा इंतजाम पूरे कर लें, वहीं नागरिकों से शांति बनाए रखने और संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचना देने को कहा गया है.
