इदं नमम् स्वाहा मंत्र से गुंजायमान हुआ गायत्री शक्तिपीठ
राजनांदगांव – चैत्र नवरात्रि के अवसर पर साधकों द्वारा आदि शक्ति मां गायत्री सावित्री कुंडलिनी शक्ति के नौ दिनों तक किए गए जंप-तप ,पूजा, ध्यान, साधना, उपासना, अनुष्ठान का समापन भव्य पांच कुण्डीय गायत्री महायज्ञ के साथ किया गया. नवरात्रि नवमी के दिन शुक्रवार को गायत्री शक्तिपीठ में सुबह 10 बजे से पूरे वैदिक मंत्रोच्चार के बीच आयोजित उक्त यज्ञीय आयोजन में सैकड़ों लोगों ने “इदं नमम् स्वाहा” की मंत्र ध्वनि के साथ आहूति प्रदान की और आदि शक्ति मां गायत्री से अपने घर-परिवार की सुख-शांति व खुशहाली की दुआएं मांगी.

नौ-दिनों तक अनवरत जारी रहा साधना कार्य
गायत्री शक्तिपीठ के व्यवस्थापक भाई ओमप्रकाश ने बताया कि नवरात्रि पर्व के नौ दिनों तक शक्तिपीठ में अनवरत रुप से जप-तप साधना उपासना का अनुष्ठान जारी रहां. इसी तरह हर परिजन अपने घरों में साधना उपासना में रत रहे. उक्त अनुष्ठान के फल प्राप्ति के लिए नवरात्रि नवमी को पांच कुडीय गायत्री महायज्ञ के साथ भगवान श्री राम जन्मोत्सव का भव्य आयोजन किया गया. इस दौरान भये प्रकट कृपाला दीन दयाला की गूंज रही वहीं वैदिक मंत्रोच्चार के बीच ,पुंसवन, सीमंतोन्नयन,मुंडन नामकरण,विद्यारंभ, जन्मदिन आदि सहित अन्य संस्कार संपन्न किए गए. इस दौरान शक्तिपीठ के ट्रस्टी द्वय सूर्यकांत चितलांग्या, बृजकिशोर सुरजन,जयंती भाई पटेल, मुरलीधर चौधरी, डा. दूलेश्वर साहू, बद्रीनाथ महोबिया, वीरु भाई पटेल, टोमन लाल, धनसाय साहू, पुरोहित, सुखनंदन साहू, नृपाराम,देवशरण, टिकेंद्र ठाकुर आदि की उपस्थिति में वरिष्ठ नागरिक ओम प्रकाश लड्ढा पर पुष्प वर्षा कर उसके दीर्घ जीवन की कामना की गई.
भये प्रकट कृपाला, दीन दयाला की गूंज
शक्ति आराधना का पर्व नवरात्रि और मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम के पावन जन्म दिन अवसर पर वैदिक मंत्रोच्चार के बीच यज्ञायोजन में उपस्थित सैकड़ों भक्तों ने भगवान श्री राम के नाम पर भये प्रकट कृपाला दीन दयाला का गान करते हुए यज्ञाहुति प्रदान की. इस दौरान युग- संगीत की स्वर लहरियो के बीच “श्री राम चंद्र कृपालु भज मन”,, का गान व जय- जय श्री राम के नारो से वातावरण गुंजायमान किया गया.
इस अवसर पर शक्तिपीठ के निर्माण ट्रस्टी बृजकिशोर सुरजन, हिरेन ठक्कर, पूर्व महापौर हेमा देशमुख, सुदेश देशमुख,मानव देशमुख, अधिवक्ता मोरध्वज साहू, मुकेश साव, बद्रीनाथ महोबिया,व्यास कौशिक,विनय महोबिया, ईश्वर साहू, हरि शंकर झारराय, अलका सुरजन, इंदू दीदी, रुपाली गांधी, लक्ष्मी वर्मा, अंजनी कोशा, मीता ठक्कर,जयंती राठौर,सरोज बाला, केकती साहू, विजय लक्ष्मी पिल्ले आदि सहित बड़ी संख्या में गायत्री परिजन व सत्य सनातन धर्मी उपस्थित थे.
