राहुल-प्रियंका और अखिलेश समेत कई सांसदों को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में लिया

नई दिल्ली: ‘वोट चोरी’ को लेकर इंडिया ब्लॉक के सांसदों का संसद से लेकर चुनाव आयोग मुख्यालय तक पैदल मार्च निकाला. पैदल मार्च में राहुल गांधी-प्रियंका समेत कई दिग्गज नेता मौजूद रहें. हालांकि रास्ते में दिल्ली पुलिस ने परमिशन नहीं लेने का हवाला देते हुए बैरिकेडिंग कर मार्च को रोक दिया. इसके बाद सांसद सड़क पर बैठ गए. दिल्ली पुलिस ने राहुल-प्रियंका और अखिलेश समेत कई सांसदों को हिरासत में लिया है. पुलिस सभी को वैन में बैठकर ले गई है.
वहीं टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा प्रदर्शन के दौरान बेहोश हो गईं. इस दौरान वे पुलिस की बस में थीं. महुआ मोइत्रा को बस में ही राहुल गांधी ने पानी पिलाया. पश्चिम बंगाल के आरामबाग से ही एक दूसरे सांसद मिताली बाग प्रदर्शन के दौरान बेहोश हो गईं. इससे पहले संसद के मानसून सत्र के 16वें दिन यानी आज लोकसभा में प्रश्नकाल की शुरुआत के साथ ही विपक्षी सांसदों ने हंगामा शुरू कर दिया. सांसद सदन में वी वॉन्ट जस्टिस के नारे लगाते हुए वेल के पास पहुंच गए. इसके बाद स्पीकर ओम बिरला ने लोकसभा को दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया.
इससे बाद विपक्ष के करीब 300 सांसदों ने मकर द्वार से चुनाव आयोग कार्यालय तक मार्च शुरू किया विपक्षी सांसदों ने राष्ट्रगान गाया. ये सभी हाथों में ‘वोट बचाओ’ के बैनर लेकर चल रहे हैं. हालांकि दिल्ली पुलिस ने कहा था कि INDIA ब्लॉक ने मार्च के लिए कोई अनुमति नहीं मांगी. सपा अध्यक्ष अखिलेश ने कहा कि सरकार सुनना ही नहीं चाहती.
मार्च में शामिल कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा- मेरे लिए यह मुद्दा बहुत सीधा है. राहुल गांधी ने कुछ गंभीर सवाल उठाए हैं, जिनका जवाब मिलना चाहिए. चुनाव आयोग की न सिर्फ देश के प्रति जिम्मेदारी है, बल्कि उसकी अपनी भी जिम्मेदारी है कि जनता के मन में हमारे चुनावों की विश्वसनीयता को लेकर कोई संदेह न रहे.चुनाव पूरे देश के लिए मायने रखते हैं. हमारा लोकतंत्र इतना अनमोल है कि इसे इस संदेह से खतरे में नहीं डाला जा सकता कि कहीं डुप्लीकेट वोटिंग तो नहीं, कहीं कई पते तो नहीं, या कहीं फर्जी वोट तो नहीं. अगर लोगों के मन में कोई संदेह है, तो उसका समाधान किया जाना चाहिए. इन सवालों के जवाब उपलब्ध हो सकते हैं, लेकिन ये जवाब विश्वसनीय होने चाहिए. मेरा बस यही अनुरोध है कि चुनाव आयोग इन सवालों को लेकर उनका समाधान करे.
https://x.com/bhupeshbaghel/status/1954822959270395911
इस मामले को लेकर छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल अपने सोशल मीडिया में पोस्ट कर कहा कि हम लड़ेंगे साथी, उदास मौसम के लिए हम लड़ेंगे साथी, ग़ुलाम इच्छाओं के लिए
हम चुनेंगे साथी, ज़िन्दगी के टुकड़े
हथौड़ा अब भी चलता है, उदास निहाई पर
हल अब भी चलता हैं चीख़ती धरती पर
यह काम हमारा नहीं बनता है, प्रश्न नाचता है
प्रश्न के कंधों पर चढ़कर
हम लड़ेंगे साथी
