योग की प्राचीन परंपरा हम सभी को स्वस्थ जीवन पद्धति से जोड़ती है : सीएम साय

रायपुर- मुख्यमंत्री विष्णु देव साय दसवें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में आयोजित सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम में शामिल हुए. यहां उन्होंने हजारों लोगों के साथ सामूहिक योग किया और स्वस्थ जीवन-शैली के लिए नियमित योगाभ्यास करने का संदेश लोगों को दिया.
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि यह देखकर प्रसन्नता होती है कि जिन उद्देश्यों की पूर्ति के लिए पूरी दुनिया में योग दिवस मनाया जाता है, वह उद्देश्य आज सफल हो रहा है. उन्होंने कहा कि योग का प्रचार और प्रसार आज पूरी दुनिया में हो रहा है. भारत में भी इसे लेकर अद्भुत जागरूकता आई है. अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जो उत्साह आज यहां पर नजर आ रहा है, वैसा ही उत्साह प्रदेश के सभी जिले, ब्लाक और गांवों में भी है. हमारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संयुक्त राष्ट्र संघ को 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाने का सुझाव दिया था, जिसके परिणामस्वरूप ही पूरे विश्व में आज अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जा रहा है.
मुख्यमंत्री साय ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि योग का अर्थ होता है जोड़ना. योग की प्राचीन परंपरा हम सभी को स्वस्थ जीवन पद्धति से जोड़ती है. योग हमारे मन और मस्तिष्क को आपस में जोड़ता है. योग की प्रक्रिया हमें आध्यात्म और उच्च जीवन मूल्यों से भी जोड़ती है. उन्होंने कहा कि लोग स्व-स्फूर्त योग करने के लिए साइंस कॉलेज मैदान पहुंचे और सामुहिक योग में शामिल हुए. श्री साय ने कहा कि व्यक्ति से ही समाज का निर्माण होता है. योग केवल स्वस्थ जीवन के लिए ही नहीं, बल्कि स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए भी जरूरी है. आज पूरी दुनिया योग के महत्व को समझ रही है और अपना रही है. हमारी सरकार योग आयोग के माध्यम से प्रदेश में ज्यादा से ज्यादा लोगों को योग से जोड़ने के लिए लगातार काम करेगी.
मुख्यमंत्री श्री साय ने कार्यक्रम में उपस्थित विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि आप सभी योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करेंगे तो आपका विद्यार्थी-जीवन संवर जाएगा. योग से एकाग्रता आती है और याददाश्त बढ़ती है. निश्चित रूप से आपको इसका बड़ा लाभ मिलेगा. योग कार्य करने की क्षमता को बढ़ा देता है. यह तनाव को दूर करता है. जब हम सकारात्मक रहते हुए प्रसन्न भाव से काम करते हैं तो इसका सकारात्मक प्रभाव हमारी कार्यक्षमता में पड़ता है और हमारी छवि अच्छी बनती है, हमारा कैरियर भी संवरता है.
महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कहा कि आज का यह दिन हम सबके लिए गौरव का दिन, स्वाभिमान का दिन है और उल्लास व खुशी का दिन है. आज हम अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मना रहे हैं और यह तभी संभव हो पाया है जब देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भगीरथ प्रयास से सर्वे भवन्तु सुखिनः, सर्वे सन्तु निरामया, सर्वे भद्राणि पश्यन्तु मा कश्चित् दुःखभाग् भवेत् और वसुधैव कुटुंबकम के भाव को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाने पर सहमति दी है. योग कसरत ही नहीं जीवन जीने का तरीका है. योग जीवन का महत्वपूर्ण अंग है. योग जीवन दर्शन है, योग कल्याण का मार्ग प्रशस्त करता है. स्वस्थ परिवार, स्वस्थ समाज, स्वस्थ देश और स्वस्थ विश्व के निर्माण के लिए योग को आवश्यक बताते हुए कहा कि योग को जीवन का आधार बनाएं. योग में शरीर मन और आत्मा को जोड़ने का विधान है.
इस अवसर पर विधायक राजेश मूणत, अनुज शर्मा, गुरू खुशवंत साहेब, मुख्यमंत्री के सचिव पी. दयानंद, महिला एवं बाल विकास विभाग की सचिव शम्मी आबिदी, कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह, एसएसपी संतोष सिंह, योग आयोग के सचिव पंकज वर्मा सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, आम नागरिक एवं विद्यार्थी शामिल हुए.
