अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझी, तीन आरोपी गिरफ्तार
राजनांदगांव- थाना डोंगरगढ पुलिस चौकी मोहारा ने अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझा ली हैं, जिसमें पत्नी ने अपने प्रेमी एवं उसके दोस्त के साथ मिल कर कराई. पति की हत्या कर लाश को पेरावट में जला कर ठिकाने लगाया था. पुलिस ने हत्या के तीनों आरोपी को गिरफ्तार किया है. पुलिस चौकी मोहरा एवं साइबर सेल टीम द्वारा मृतक का डी.एन.ए कराया जाएगा. घटना स्थल निरीक्षण एवं परिथितिजन्य साक्ष्य से मृतक की पहचान हुई.
प्रेसवार्ता के अनुसार 12 मार्च को सूचना मिलने पर ग्राम सहसपुर में कोई अज्ञात व्यक्ति का शव जला हुआ पड़ा हुआ सूचना मिलने पर पुलिस चौकी मोहरा प्रभारी एवं टीम तत्काल घटना स्थल पर पहुंचकर घटना स्थल का निरीक्षण कर घटना के संबंध में वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित किया. घटना स्थल पर शव का पूरी तरह से जल जाना शव का छत-विछत स्थिति में पाया जाना. पुलिस अधीक्षक मोहित गर्ग मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल मामले की खोजबीन कर शव की पहचान एवं आरोपियों की पता तलाश हेतु नर्देश दिये जिसपर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राहूल देव शर्मा व अनुविभागीय अधिकारी पुलिस डोंगरगढ़ आशीष कुंजाम के मार्गदर्शन में पुलिस चौकी मोहारा एवं सायबर सेल की टीम गठित कर मामले की तह तक जाने हेतु मार्गदर्शन दिया गया. घटना स्थल पर साइबर सेल की टीम, एफएसएल टीम, डॉग स्कार्ड की मदद लेकर जांच प्रारंभ की गई. अज्ञात शव के कोई पहचान न होने से अज्ञात में मर्ग कायम कर मृतक के शव का डी.एन.ए. हेतु फोरेंसिक लेब रायपुर भेजा गया.
घटना स्थल निरीक्षण व परिथितिजन्य साक्ष्य के आधार पर मृतक की पहचान सुकालु कंवर निवासी सहसपुर के नाम से पुलिस को संदेह हुआ. जिसपर पुलिस ने मर्ग जांच के दौरान मृतक की पत्नी केसर बाई से पूछताछ प्रारंभ किया जो केसर बाई अपने पति का 27 फरवरी से घर से बिना बताये कहीं चले जाना व थाना चौकी में कोई रिपोर्ट दर्ज ना कराना बताई. संदेही केसर बाई द्वारा स्वयं के मोबाईल को शव मिलने के दिनांक से गुम जाना बताई. केसर बाई से हिकमत अमली से पूछताछ पर 27 फरवरी को अपने पूर्व प्रेमी मनेश उर्फ मनीष तथा मनेश का दोस्त जितेंद्र उर्फ जीतू यादव को ग्राम के शादी में सम्मिलित होने बुलवाकर अपनी पति को उनके साथ शराब लेने के लिए शराब भट्ठी कटली भेजी जो योजना अनुसार मनेश व जितू द्वारा मृतक के घर के पीछे ईमली झाड़ के पास शराब पिला कर नशे की हालत में आने के बाद जीतू द्वारा पास रखे पत्थर से सिर पर वार किया तभी मनेश द्वारा गमछे से मृतक के गले को दबा कर हत्या कर दी गई और थोड़ी दूर घसीटते लेजाकर पेरावट में ले जाकर जला दिये. शव पूरी तरह से जल जाने व घटना की जानकारी करीब 15 दिन बाद होने से और जानवरों द्वारा शव छत-विछत हो जाने से शव की शिनाख्तगी में पुलिस को दिक्कत आ रही थी. घटना स्थल निरीक्षण व परिस्थितिजन्य साक्ष्यों एवं तकनिकी जानकारी के आधार पर जांच करने से मृतक की पहचान सुकालू कंवर के रूप में की गई जिसकी हत्या पत्नी केसर बाई अपने प्रेमी मनेश उर्फ मनीष तथा मनेश का दोस्त जितेन्द्र उर्फ जीतू यादव द्वारा मिलकर प्रेम प्रसंग के चलते करना पाया गया. जिसके अधार पर मर्ग जांच पर से पुलिस चौकी मोहारा थाना डोंगरगढ़ में अपराध क्रमांक 147/2024 धारा 302, 201, 34 भा.दं.वि. कायम कर विवेचना में लिया गया. साक्ष्य के आधार पर पूछताछ करने पर तीनों आरोपियों द्वारा जुर्म कबूल करने पर धारा सदर के तहत् उन्हें विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय रिमांड में जेल भेजा गया.
उक्त कार्यवाही में प्रभारी साइबर सेल राजनांदगांव निरीक्षक जितेंद्र वर्मा, थाना प्रभारी डोंगरगढ़ सी.आर.चन्द्रा, प्रभारी पुलिस चौकी मोहारा उप निरीक्षक प्रमोद श्रीवास्तव, थाना मोहारा से सउनि महेंद्र यादव, प्रधान आरक्षक महादेव साहू आरक्षक मनीष सोनकर आरक्षक ऋषि दास मानिकपुरी, आरक्षक आनंद देवाले, आरक्षक दिनेश आरक्षक मनोज वर्मा एवं सायबर टीम से आरक्षक मनीष वर्मा आरक्षक जोगेश राठौर, परिवेश वर्मा, आरक्षक हेमंत साहू एवं आरक्षक आदित्य सिंह का विशेष योगदान रहा.
