मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना के तहत मोबाईल मेडिकल यूनिट वेन से 3 लाख से अधिक लोगों का हुआ नगर में स्वास्थ्य परीक्षण
राजनांदगांव : वार्डवासियों को निःशुल्क ईलाज की सुविधा मुहैया कराने राज्य शासन द्वारा मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना 1 नवम्बर 2020 से प्रारंभ की गयी. जिसमें मोबाईल यूनिट वेन द्वारा श्रमिक बहुल्य क्षेत्रों में जाकर निःशुल्क बिमारियों की जॉच की जाती है. इसी कडी में राजनांदगांव निगम सीमाक्षेत्र के लिये 4 मोबाईल यूनिट वेन सरकार द्वारा उपलब्ध करायी गयी है. उक्त मोबाईल यूनिट वेन श्रमिक बाहुल्य क्षेत्रों एवं वार्डो में जाकर प्रतिदिन निः शुल्क जांच कर दवा का वितरण कर रही है. साथ ही कोरोना काल में कोरोना जॉच के अलावा वेक्सीन भी मेडिकल मोबाईल यूनिट वेन के माध्यम से लगाया गया.

लगभग 3 वर्ष में राजनांदगांव में 3298 कैंप के माध्यम से 3 लाख 99 लोगों का ईलाज कर योजना का लाभ पहुचाया गया. इतनी बडी संख्या में लोगों को चिकित्सा का लाभ पहुंचाने पर आज नगर निगम के सभा गृह में महापौर हेमा सुदेश देशमुख एवं निगम आयुक्त अभिषेक गुप्ता सहितं स्वास्थ्य विभाग के प्रभारी सदस्य गणेश पवार, बाजार विभाग की प्रभारी सदस्या दुलारी बाई साहू, पार्षद संजय रजक व पार्षद प्रतिनिधि सचिन टुरहाटे की उपस्थिति में एक संक्षिप्त कार्यक्रम आयोजित किया गया. जिसमें चिकित्सा टीम को बधाई देते हुये केक काटकर उनका उत्साहवर्धन किया गया.
महापौर हेमा सुदेश देशमुख ने बधाई देते हुये कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा श्रमिक बाहुल्य क्षेत्र के निवासियों एवं गरीब व्यक्तियों के अलावा नगर के व्यक्तियों को बिमारियों की निःशुल्क जांच एवं चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना वर्ष 2020 में लागू की गयी, जिसके तहत मोबाईल यूनिट वेन के माध्यम से सभी प्रकार के बीमारी कि जॉच करने के साथ साथ सर्दी, बुखार, बी.पी. शुगर आदि की दवाईया भी मुफ्त में दी जा रही है.
उन्होंने मोबाईल यूनिट के चिकित्सा दल को तीन वर्ष में 3 लाख से अधिक व्यक्तियों का स्वास्थ्य परीक्षण पूर्ण करने पर बधाई देते हुये कहा कि आप लोगो की मेहनत का फल है कि इतनी बड़ी तदात में स्वास्थ्य परीक्षण किया गया, जिससे हमारे शहर का प्रदेश में तीसरा स्थान रहा. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जो स्वप्न देखा था, गरीबों के मुफ्त ईलाज का जिसे राजनांदगांव मोबाईल मेडिकल यूनिट की टीम धरातल पर पूरी तरह प्रदर्शित कर रही है. उन्होंने कहा कि आप लोग और ज्यादा मेहनत करे ताकि लोगों को इसका अधिक से अधिक लाभ मिल सके और लोग अस्पताल जाने से बचे रहे.
आयुक्त गुप्ता ने चिकित्सा टीम को धन्यवाद देते हुये कहा कि शासन की इस जनकल्याणकारी योजना का जनता को प्रत्यक्ष लाभ मिल रहा है, गरीब तबके के लोग आर्थिक कठिनाई के कारण एवं समय की कमी के कारण अपना ईलाज नहीं करा पाते थे, क्योकि उन्हें अस्पताल जाकर ईलाज कराने में पैसा के साथ साथ समय भी देना पड़ता था, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान होता था. मेडिकल मोबाईल यूनिट से ईलाज कराने पर समय एवं पैसे दोनों की बचत हो रही है. उन्होंने कहा कि लोगों का ईलाज कर आप लोग भी पुन्य का काम कर रहे है तथा आप लोगों के मेहनत के कारण 3 लाख से अधिक लोगों का ईलाज करने पर प्रदेश में तीसरा स्थान पर है एवं एम.एम.यू. पूरे छत्तीसगढ़ में औसत के मामले में प्रदेश में दूसरे स्थान पर है, पूरी टीम को पुनः हार्दिक बधाई.
स्वास्थ्य विभाग के प्रभारी सदस्य गणेश पवार ने अपने संबोधन में कहा कि 3 लाख लोगो का स्वास्थ्य परीक्षण करने पर मैं टीम को बधाई देता हूं, साथ ही हमारे प्रदेश के मुख्यमंत्री को भी बधाई एवं धन्यवाद देता हूं कि उन्होनेे मोबाईल मेडिकल युनिट के माध्यम से मुफ्त ईलाज, दवा वितरण की सुविधा उपलब्ध कराई.
कार्यक्रम मेें एरिया प्रोजेक्ट मेनेजर वागेश तिवारी ने जानकारी देते हुये बताया कि राजनांदगांव निगम सीमा क्षेत्रांतर्गत अबतक कुल 3298 कैंप आयोजित किये जा चुके है जिसमें 300099 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया. जिसमें 272097 लोगों को मुफ्त में दवा वितरण तथा 68697 लोगों का लैब टेस्ट किया गया. कार्यक्रम का महापौर परिषद के सचिव संजीव कुमार मिश्रा ने किया इस अवसर कार्यपालन अभियंता यू.के.रामटेके, सहायक अभियंता प्रणय मेश्राम, प्र.कार्यालय अधीक्षक अशोक चौबे सहित मेडिकल स्टॉफ उपस्थित थे.
