राजस्व ब्लाक स्तरीय पत्रकारवार्ता लेकर दी जानकारी

राहुल गौतम-राजनांदगांव- जय भारत सत्याग्रह अंतर्गत मंगलवार को राजस्व ब्लाक स्तरीय पत्रकारवार्ता लेकर शहर कांग्रेस अध्यक्ष कुलबीर सिंह छाबड़ा ने कहा कि भारत देश दुनिया का सबसे बड़ा लोकतांत्रिक देश है, जहां भाजपा के मोदी राज में आम जनता की आवाज को उठाने एवं भ्रष्टाचार के खिलाफ बोलने पर भाजपा की नरेन्द्र मोदी सरकार प्रताड़ित करती है. देश के प्रमुख विपक्षी पार्टी के पूर्व अध्यक्ष 4 बार के सांसद राहुल गांधी जब संसद के अंदर बात करते है तो उन्हें बोलने नहीं दिया जाता माइक बंद कर दिया जाता है. सत्तारूढ़ सांसद बहुमत के अतिवादी चरित्र का प्रदर्शन करते हुए संसद की कार्यवाही नहीं चलने देते है. केन्द्रीय मंत्री अपनी गरिमा को लांघते हुए अनर्गल बयानबाजी करते है और जब इन सबसे भी राहुल गांधी कांग्रेस पार्टी और विपक्ष की बात को नहीं दबा पाते तो फिर ये जनता की आवाज उठाने वाले राहुल गांधी के खिलाफ षडंयत्र रचते रहते है.
आखिर राहुल गांधी के उपर सारी कार्यवाहियों क्यों की गई है इसका एक मात्र कारण है राहुल गांधी ने देश के प्रधानमंत्री मोदी के निकट सहयोगी अडानी के घोटालेबाजी और अडानी-मोदी के गठबंधन पर आवाज उठाते दो सवाल पूछे थे कि अडानी की शैल कंपनियों में 20 हजार करोड़ के पैसा कहां से आया! किसका काला धन है, किसकी शेल कंपनियों से है, ये कंपनियों डिफेंस फिल्ड में काम कर रही है. कोई क्यों नहीं जानता कि यह पैसा किसका है, इसमें एक चीनी नागरिक है और यह चीनी नागरिक कौन है!
प्रधानमंत्री मोदी जी का अडानी से क्या रिश्ता है. उन्होनंे अडानी के विमान में आराम करते हुए पीएम मोदी की तस्वीर दिखाई. उन्होंने रक्षा उद्योग के बारे में, हवाई अड्डों के बारे में, श्रीलंका में दिए गए बयानों के बारे में, बांग्लादेश में दिए गए बयानों के बारे में, आस्ट्रेलिया में स्टेट बैंक (भारत) के चेयरमैन के साथ बैठे नरेन्द्र मोदी और अडानी की तस्वीरें जिन्होंने कथित तौर पर एक बिलियन का ऋण स्वीकृत किया था.
यहां तक कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के राज्यसभा के भाषण में अडानी घोटाले के महत्वपूर्ण अंश और राहुल गांधी के भाषण (लगभग पूरी तरह से) को संसद के रिकार्ड से आखिर क्यों हटा दिया गया. अडानी को बचाने के लिए संसद के बजट सत्र के चल रहे दूसरे भाग में इतिहास में पहली बार खुद सत्तारूढ़ भाजपा पार्टी संसद को बाधित कर अडानी को बचाने के लिए ध्यान भटका रही है. जबकि संयुक्त विपक्ष इस पर संयुक्त संसदीय समिति चाहता है कि राहुल गांधी लोकसभा अध्यक्ष को दो लिखित अनुरोध किए कि उनको संसद में जवाब दें किन्तु तीसरे बार लिखित अनुरोध करने के बाद भी लोकसभा अध्यक्ष ने बोलने नहीं दिया क्योंकि प्रधानमंत्री मोदी नहीं चाहते कि अडानी और उनके रिश्तों का पर्दाफाश हो.
संसद की सदस्यता रद्द करने के तीन के अंदर लोकसभा की गृह समिति के द्वारा राहुल गांधी को 30 दिन का नोटिस देना, यह कार्यवाही इस बात का प्रमाण है कि इस देश में आम जनता की आवाज उठाने और भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने वाले राहुल गांधी के खिलाफ इस प्रकार की कार्यवाही देश में तानाशाही और असहिष्णु की सरकार चल रही है. बीजेपी द्वारा ध्यान भटकाने के लिए राहुल गांधी के बयानों को गलत ढंग से प्रस्तुत कर रही है. राहुल गांधी ने विदेशी ताकतों से लंदन में भारत की मदद करने कभी नहीं कहा उनके वक्तव्य थे कि भारत का अंदरूनी मामला है. हम स्वयं इसका हल निकालने में सक्षम है. भाजपा, झूठा हौवा खड़ा कर रही है कि राहुल गांधी ने ओबीसी को इसलिए निशाना बनाया क्योंकि उन्होंने पीएम मोदी से सवाल किया था. ध्यान भटकाने का एक और बोगस हथकंडा! जो
व्यक्ति एक लाने के लिए ‘‘भारत जोड़ो यात्रा‘‘ 4000 किलोमीटर चल सकता है कैसे एक समुदाय को बोल सकता है! भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा का ओबीसी समुदाय का अपमान करने का आरोप लगाने की घटिया चाल स्पष्ट साबित हुई. भाजपा राहुल गांधी ने इतना डरती क्यों है! भयभीत नरेन्द्र मोदी को सपने में भी राहुल गांधी नजर आते हैं.
पत्रकारवार्ता में प्रमुख रूप से शहर कांग्रेस उपाध्यक्ष विकास त्रिपाठी, महामंत्री फिरोज अंसारी, उत्तर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष आसिफ अली, दक्षिण ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष सूर्यकांत जैन, एल्डरमेन मामराज अग्रवाल, पार्षद मनीष साहू, महेश साहू मौजूद रहे.
