सबसे पहले अगर व्यक्तित्व के विकास में कुछ काम आता है तो वह है संस्कार- श्री निषाद
भक्त माता कर्मा की 1007वी जयंती कार्यक्रम का आयोजन ग्राम रानीतराई में किया गया. जिसमे संसदीय सचिव एवं गुडंरदेही विधायक कुंवर सिंह निषाद कार्यक्रम में शामिल हुए. श्री निषाद ने उपस्थित सभी अतिथि गणों का सम्मान करते हुए कहा कि हर समाज का एक व्यवस्था होता है और समाज के आराध्य उनकी जयंती उनके उत्सव को बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाते हैं. माता जी के जयंती के अवसर पर पापमोचनी एकादशी भी थी लेकिन उनकी जयंती के दिन बहुत बारिश और बर्फ गिरी लेकिन फिर भी उत्साह में कोई कमी नहीं दिखी. इतनी बारिश होने के बाद भी समाज के सभी लोग यहां इकट्ठा हुए. जिससे माता जी की जयंती बहुत ही अच्छे तरीके से मनाया गया. आज प्रदेश में जगह-जगह कर्मा माता की जयंती मनाई जा रही है.


उन्होंने आगे कहा यदि हम अच्छे पढ़े लिखे हैं, कोई नौकरी व्यवसाय या बड़े पद में हैं और घर परिवार से संस्कार नहीं सीखे हैं. समाज में कौन बड़ा है, कौन छोटा है अगर हम यह नहीं जानते तो हमारे पढ़े-लिखे होने का कोई मतलब नहीं है. सबसे पहले अगर व्यक्तित्व के विकास में कुछ काम आता है तो वह है संस्कार और उसी संस्कार के कारण हम घर परिवार में या गांव में सभी से रिश्ते बना पाते हैं. गांव में इस छोर से उस छोर तक हम सभी से रिश्ते की डोर से बंधे रहते हैं और यह जो गांव का रिश्ता है इसी के कारण पूरी सामाजिक समरसता पूरे भाव से गांव में मिलकर उस व्यवस्था को संचालित करते हैं. सबसे बड़ी बात यह है कि अगर समाज का कोई आयोजन है और वहां जब मातृशक्ति उपस्थित होती है और बढ़िया कलश यात्रा के माध्यम से पूरे गांव को भ्रमण करते हैं और उसके बाद जहां आयोजन होता है वहां आते हैं फिर बढ़िया कलश सजाते हैं उसमें भी गांव की प्रतिभा को एक अवसर मिलता है.
इस अवसर पर समाज के अध्यक्ष दलेंद्र हिरवानी, परिक्षेत्र अध्यक्ष गुड्डू सोनबरसा, हेमंत साहू, भूपेश नायर, पुष्पा कश्यप, रवि साहू, अविनाश साहू, हेमलाल साहू, जितेन्द्र ठाकुर, निर्मला साहू, रमेश साहू, तुमन लाल साहू, मनसुख साहू, गांव के सरपंच योगेश्वर जी आदि उपस्थित रहें.
