भिलाई- टाउनशिप में रहने वालों को के लिए खबर है कि नियमितीकरण को लेकर BSP प्रबंधन व निगम प्रबंधन द्वारा अपना अपना पक्ष रखा जा रहा है. BSP प्रबंधन का कहना है कि भिलाई नगर निगम द्वारा इसे नियमितीकरण नहीं किया जा सकता है. टाउनशिप के दुकानों और मकानों में जो अनाधिकृत अतिरिक्त निर्माण किया गया है उसको नगर निगम द्वारा नियमितीकरण नहीं किया जा सकता. इस संबंध में विलास परसेंट प्रबंधन ने स्पष्ट कर दिया कि टाउनशिप के दुकानों और मकानों में अनाधिकृत अतिरिक्त निर्माण को निगम द्वारा नियमितीकरण नहीं किया जा सकता निगम द्वारा नियमितीकरण करने के दावे की हवा BSP प्रबंधन ने निकाल दी है. इस संबंध में भिलाई इस्पात संयंत्र प्रबंधन ने बताया कि है कि भिलाई टाउनशिप में दुकानों एवं मकानों में जो अनाधिकृत अतिरिक्त निर्माण किया गया है, उसके नियमितिकरण के लिए भिलाई नगर निगम द्वारा टाउनशिप में शिविर लगाया जा रहा है.

उक्त संबंध में सूचित किया जाता है कि भिलाई इस्पात संयंत्र द्वारा टाउनशिप की उसके स्वामित्व की संपत्ति लोक परिसर अधिनियम 1971 के अन्तर्गत “लोक परिसर” हैं जिसका आबंटन, प्रबंधन एवं संचालन, भिलाई इस्पात संयंत्र प्रबंधन द्वारा, आबंटन की नियम एवं शर्तो के अन्तर्गत किया जाता है.
जिसमें यह स्पष्ट शर्त है कि आबंटी द्वारा अनाधिकृत निर्माण वर्जित है एवं आबंटन की नियम एवं शर्तो की अवहेलना, अनाधिकृत निर्माण इत्यादि होने पर आबंटन / लीज निरस्त किया जाता है एवं तत्संबंध में आबंटी के विरूद्ध कार्यवाही लगातार किया जा रहा है. उपरोक्त तथ्यों के आलोक में आबंटी के विरूद्ध आबंटन की शर्तों के अन्तर्गत कार्यवाही की जाती है और प्रबंधन की अनुमति के बिना किसी भी अथॉरिटी द्वारा जारी आदेश, प्रबंधन पर बन्धनकारी नहीं है.
सेल बीएसपी सभी आबंटियों को सूचित करता है कि:-
आबंटी, द्वारा सेल-बीएसपी के सहमति के बिना नियमितिकरण का आवेदन नहीं किया जा सकता है.
सेल-बीएसपी ऐसे सभी आबंटियों के विरूद्ध लीज / लाइसेंस के नियम एवं शर्तो के अन्तर्गत कार्यवाही करने के लिये पूर्णतयाः स्वतंत्र हैं.
आबंटी नियमितिकरण की कार्यवाही अपने जोखिम एवं लागत पर करेंगे.
आबंटियों द्वारा की गई ऐसी कोई भी नियमितिकरण की कार्यवाही से सेल-बीएसपी पर बन्धनकारी नहीं है.
