कागजों में बच्चों की संख्या दोगुनी दिखाकर राशन घोटाला, 4 प्रभारी अधीक्षक सस्पेंड
भोपालपट्टनम/बीजापुर- बीजापुर जिले के पोटाकेबिन आवासीय विद्यालयों में वित्तीय अनियमितता और राशन घोटाले का बड़ा मामला सामने आया है. जांच दल की रिपोर्ट में खुलासा होने के बाद प्रशासन ने चार प्रभारी अधीक्षकों को निलंबित कर दिया है.
जानकारी के अनुसार, विद्यालयों में बच्चों की वास्तविक संख्या से दोगुनी संख्या कागजों में दर्ज कर अतिरिक्त राशन उठाया जा रहा था. इस गड़बड़ी का खुलासा जांच टीम द्वारा किए गए निरीक्षण में हुआ.जांच के दौरान उपस्थिति रजिस्टर में भी बड़े पैमाने पर काट-छांट और हेरफेर पाए गए.
इन पर हुई कार्रवाई
कलेक्टर बीजापुर के निर्देश पर संयुक्त संचालक शिक्षा ने जिन चार प्रभारी अधीक्षकों को सस्पेंड किया है .उनमें—आदित्य ठाकुर (प्रभारी अधीक्षक, नेताजी सुभाषचंद्र बोस बालक आवासीय विद्यालय भटवाड़ा), लक्ष्मीनारायण ओद्देल (प्रभारी अधीक्षक, आवासीय विद्यालय सेरपल्ली), पुष्पलता सोनी (प्रभारी अधीक्षक, आवासीय विद्यालय संगमपल्ली), रविंद्र मोर्य (प्रभारी अधीक्षक, आवासीय विद्यालय मटवाड़ा) शामिल हैं.
हाजिरी रजिस्टर में फर्जीवाड़ा
जांच टीम को हाजिरी रजिस्टर में बच्चों की उपस्थिति दर्ज करने वाले पन्नों पर बड़े पैमाने पर ओवरराइटिंग और कटिंग मिली. इससे स्पष्ट हुआ कि रिकॉर्ड में हेरफेर कर बच्चों की संख्या बढ़ाकर दिखाई गई, ताकि अतिरिक्त राशन और अन्य मदों में आर्थिक लाभ लिया जा सके.
बिना मेस गणना चार्ट के वसूली
नियमों के अनुसार प्रत्येक माह मेस गणना चार्ट तैयार किया जाना अनिवार्य है. लेकिन कई विद्यालयों में यह प्रक्रिया कागजों तक सीमित पाई गई. बिना सही गणना के राशि निकासी और खर्च दर्शाने के भी प्रमाण मिले हैं. प्रशासन ने मामले को गंभीर आर्थिक अनियमितता मानते हुए विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं.
