बलौदाबाजार में 5 कृषि सेवा केंद्रों को कारण बताओ नोटिस जारी, बालोद में 2 केन्द्रों पर लगा बैन

बलौदाबाजार-भाटापारा- कलेक्टर दीपक सोनी के निर्देशानुसार जिले में कृषकों को निर्धारित दर पर गुणवत्तापूर्ण कृषि आदान उपलब्ध कराने हेतु कृषि विभाग द्वारा निरंतर निरीक्षण किया जा रहा है. इसी क्रम में सोमवार को कृषि विभाग की टीम ने विभिन्न विकासखण्डों में कृषि सेवा केंद्रों का निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान अनियमितता पाए जाने पर 5 कृषि सेवा केंद्रों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया. वहीं बालोद जिले में उर्वरक विक्रय पर प्रतिबंध लगाए जाने की कार्यवाही की गई है.
प्राप्त जानकारी के अनुसार बलौदाबाजार विकासखण्ड अंतर्गत निरीक्षक श्री लोकनाथ दीवान ने गुरुदेव कृषि केंद्र, रसेडा का निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान विक्रय केंद्र में बिल बुक अद्यतन नहीं पाया गया तथा कीटनाशक एवं उर्वरक का स्रोत प्रमाण पत्र संधारित नहीं किया गया था. इस पर संबंधित विक्रेता को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है.
पलारी विकासखण्ड अंतर्गत निरीक्षक सुचिन वर्मा ने ग्राम दतान स्थित 4 विक्रय केंद्रों का निरीक्षण किया. निरीक्षण में गुलशन कृषि सेवा केंद्र में कैश क्रेडिट मेमो अद्यतन नहीं था एवं कीटनाशकों का स्रोत प्रमाण पत्र संधारित नहीं किया गया था. किसान कृषि केंद्र एवं विवेक कृषि सेवा केंद्र में भी कैश क्रेडिट मेमो अद्यतन नहीं पाया गया. वेद कृषि सेवा केंद्र में उपलब्ध कीटनाशकों का स्रोत प्रमाण पत्र संधारित नहीं था. इन सभी 4 विक्रय केंद्रों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है.
भाटापारा विकासखण्ड अंतर्गत उर्वरक निरीक्षक अवधेश कुमार उपाध्याय ने अतुल एंटरप्राइजेज का निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान कृषकों को शासन द्वारा निर्धारित दर पर टोकन प्रणाली के माध्यम से यूरिया का वितरण कराया गया. निरीक्षण में विक्रेताओं को शासन के नियमों का पालन करते हुए कृषि आदान विक्रय करने हेतु निर्देशित किया गया.
उप संचालक कृषि दीपक नायक ने जिले के सभी कृषि आदान विक्रय केंद्र संचालकों को निर्देशित किया है कि कृषकों को उर्वरक एवं अन्य कृषि आदान केवल निर्धारित दर पर ही विक्रय करें. कृषकों को प्रदाय की गई सामग्री का पक्का बिल अनिवार्य रूप से प्रदान करें तथा कृषक के हस्ताक्षरित प्रति विक्रय केंद्र में संधारित रखें.
बालोद जिले के 2 कृषि केन्द्रों में उर्वरक विक्रय प्रतिबंधित
उर्वरक वितरण में अनियमितता पाए जाने पर कृषि विभाग की टीम द्वारा बालोद विकासखण्ड के मेसर्स सार्थक कृषि केन्द्र, बालोद तथा गुरूर विकासखण्ड के मेसर्स हर्ष कृषि केन्द्र, पलारी में उर्वरक विक्रय पर प्रतिबंध लगाए जाने की कार्यवाही की गई है. इस संबंध में दोनों प्रतिष्ठानों को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया गया है.
कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा के मार्गदर्शन एवं उप संचालक कृषि के निर्देशन में जिले में उर्वरक प्रतिष्ठानों का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है. 28 अगस्त 2025 को अनुविभागीय कृषि अधिकारी महेश कुमार, सहायक संचालक कृषि जे.आर. नेताम, वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी केशव राम पिस्दा, कृषि विकास अधिकारी टिकेन्द्र कुमार पटेल (गुरूर) एवं ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी संनत कुमार भेड़िया द्वारा किए गए निरीक्षण के दौरान वहां अनियमितता का मामला पकड़ में आया जिसके फलस्वरूप उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 तथा उर्वरक (संचालन नियंत्रण) आदेश 1973 में निहित प्रावधानों के तहत यह कार्यवाही की गई.
उप संचालक कृषि ने बताया कि जिले में गुणवत्ता नियंत्रण अंतर्गत उर्वरक विक्रय प्रतिष्ठानों का सतत निरीक्षण एवं मॉनिटरिंग की जा रही है. अनियमितता पाए जाने पर संबंधितों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही सुनिश्चित की जा रही है.
