मनगढंत कहानी बनाकर झूठा रिपोर्ट दर्ज कराया

रायपुर- थाना पंडरी पुलिस ने लाखों रुपये की लूट का खुलासा किया है. जिस प्रार्थी ने खुद को लूट का शिकार बताया था, वही इस पूरी साजिश का मास्टरमाइंड निकला. आरोपी चिराग जैन ने एमसीएक्स (MCX) में हुए भारी नुकसान और उड़ीसा के एक व्यापारी के कर्ज से बचने के लिए 15 लाख रुपये की रकम गायब कर फर्जी लूट की कहानी रची थी. पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर उसके कब्जे से 15 लाख रुपये नकद, तीन छोटी अंगूठियां और एक मोबाइल फोन बरामद कर लिया है.
घटना की शुरूआत
पूलिस मिली जानकारी के अनुसार, प्रार्थी चिराग जैन ने थाना पण्डरी में रिपोर्ट दर्ज कराया कि वह वालफोर्ट वुड्स बरौदा थाना विधानसभा रायपुर में रहता है तथा उसके पिता श्री रॉकड्रील्स के नाम से बोरवेल पार्टस फर्म तथा उसके नाम से श्री इंटरप्राईजेस फर्म का संचालन डी 68 ग्राउण्ड फ्लोर सेक्टर 05 देवेन्द्र नगर रायपुर में जायसवाल नर्सिंग होम के पास किराये के भवन में करते है. जिसमें प्रतिमाह दोनो फर्म का 20-25 लाख रूपये का लेन-देन होता है. दिनांक 05.08.2025 से दिनांक 08.08.2025 के दरमियानी हुई खरीदी-बिक्री का पैसा को अपने आफिस के आलमारी में ही रखा था जो कुल 15 लाख रूपये थे. दिनांक 11.08.2025 को प्रार्थी को उक्त पैसे बैंक में जमा करने जाना था इसलिए अपने पास रखा था तथा प्रातः 11.00 बजे अपने घर से उक्त पैसा को लेकर निकला था कि लगभग 11.30 बजे कांपा रेल्वे फाटक के पास पहुंचा था कि एक काले रंग का दोपहिया वाहन जिसके पीछे काले रंग के नंबर प्लेट मे अंग्रेजी में बॉस लिखा हुआ था तथा उसमे सवार तीन अज्ञात व्यक्ति प्रार्थी के चारपहिया वाहन के पास अपनी वाहन को अड़ा दिये जिससे प्रार्थी रूक गया उसी दौरान दोपहिया वाहन में सवार 01 व्यक्ति प्रार्थी के पास आकर खड़की को खटखटाया जिस पर प्रार्थी ने अपने चारपहिया वाहन का कांच नीचे किया तभी उक्त व्यक्ति द्वारा जबरन प्रार्थी के कार का दरवाजा खोलकर उसमें प्रवेश किया तथा अपने 01 अन्य साथी को भी कार के अंदर बैठा दिया तथा दोनों के द्वारा किसी धारदार वस्तु को प्रार्थी की गर्दन में अड़ा कर प्रार्थी के मोबाईल फोन को बाहर कहीं फेक दिये तथा प्रार्थी के द्वारा उंगलियों में धारण की हुई अंगुठी तथा उसके पास रखे नगदी रकम से भरे बैग को लेकर तीनों अपने दोपहिया वाहन में सवार होकर फरार हो गये. जिस पर अज्ञात आरोपियों के विरूद्ध थाना पण्डरी में अपराध क्रमांक 211/25 धारा 309, 3(5) बी.एन.एस. का अपराध पंजीबद्ध किया गया.
लाखों रूपये लूट की घटना को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह द्वारा गंभीरता से लेते हुये अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण कीर्तन राठौर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक क्राईम संदीप मित्तल, नगर पुलिस अधीक्षक सिविल लाईन श्री नरेश पटेल, उप पुलिस अधीक्षक क्राईम श्री संजय सिंह, प्रभारी एण्टी क्राईम एवं सायबर यूनिट तथा थाना प्रभारी पण्डरी को अज्ञात आरोपियों की पतासाजी कर जल्द से जल्द गिरफ्तार करने हेतु निर्देशित किया गया. टीम के सदस्यों द्वारा घटना के संबंध में आस-पास के लोगों से पूछताछ करने पर उनके द्वारा इस प्रकार की कोई भी घटना घटित होना नहीं बताया जा रहा था.
जिस पर टीम के सदस्यों द्वारा प्रार्थी से पुनः पूछताछ करने पर वह बार – बार अपना बयान बदल कर लगातार टीम को गुमराह करने का प्रयास कर रहा था जिस पर आरोपियों की गिरफ्तारी में लगी टीम को प्रार्थी के ऊपर गहरा शक हुआ एवं टीम के सदस्यों द्वारा प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर प्रार्थी से कड़ाई से पूछताछ प्रारंभ किया गया. रिक्रिएशन ऑफ सीन तथा तकनीकी कडियों की भिन्नता की स्थिति में प्रार्थी ज्यादा देर अपने झूठ के सामने टिक न सका एवं लूट की उक्त झूठी घटना को कारित करना स्वीकार किया गया. आरोपी चिराग जैन द्वारा लूट की झूठी रिपोर्ट दर्ज कराने पर उसके विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही की जा रही है.
