पटाखा फोड़ने से मना करने पर युवक की हत्या, घटना के बाद फरार तीन आरोपी गिरफ्तार

धमतरी- पटाखा फोड़ने से मना करने और मामूली बात को लेकर तीन युवकों ने मिलकर एक युवक की चाकू मारकर हत्या कर दी और मौके से फरार हो गए. घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और पड़ताल करते हुए हत्या के तीनों फरार आरोपितों को शुक्रवार काे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है.
सिटी कोतवाली पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार पीड़ित गणेश माली 40 वर्ष ने रिपोर्ट दर्ज कराई है कि पांच जून की रात करीब 11 बजे उनका छोटा भाई नरेश माली 36 वर्ष पुत्र कल्याण माली महिमासागर वार्ड धमतरी अपने घर के अंदर परिवार के साथ सोया हुआ था, तभी हेमंत, दिनेश, प्रदीप मोहल्ले में नरेली माली के घर के पास पटाखा फोड़ रहे थे. पटाखा की आवाज सुनकर नरेश ने अपने घर से बाहर निकला और तीनों युवकों को फटाका फोड़ने से मना किया और दूसरी जगह जाकर पटाखा फोड़ने की बात कही, क्योंकि उनके घर में छोटे बच्चे सोए है, जो पटाखा की तेज आवाज से परेशान हो रहे हैं.

इस बात को लेकर तीनों युवकों ने वाद विवाद करते हुए मारपीट शुरू कर दिया, तभी हेमंत उर्फ पांगड़ू ने अपने पास रखे चाकू से मृतक के सीने में बायी ओर एक बार जोरदार वार किया, जिससे नरेश माली वहीं पर गिर गया, इसके बाद घटना को अंजाम देने के बाद तीनों युवक वहां से फरार हो गए. इधर नरेश के स्वजनों ने उन्हें गंभीर हालत में उपचार के लिए जिला अस्पताल धमतरी ले गए, जहां डाक्टरों ने युवक की स्थिति को देखकर रिफर कर दिया. परिजनों उन्हें बेहतर उपचार के लिए शहर के निजी अस्पताल ले गए, जहां डाक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया. घटना की रिपोर्ट मृतक के स्वजनों ने थाना सिटी कोतवाली में पहुंचकर दर्ज कराई. घटना की सूचना लगते ही थाना प्रभारी कोतवाली व टीम आरोपितों को पकड़ने में जुट गई. आरोपित युवकों को पुलिस ने अलग-अलग जगहों से गिरफ्तार किया. पूछताछ में आरोपितों ने हत्या करना स्वीकार किया. आरोपित हेमंत सोम 19 वर्ष महिमा सागर वार्ड मैला गड्ढा पारा धमतरी, प्रदीप साहू 19 वर्ष महिमा सागर वार्ड मैला गड्ढा पारा धमतरी और दिनेश सोम 26 वर्ष महिमा सागर वार्ड मैला गड्ढा पारा धमतरी के खिलाफ जुर्म दर्ज कर तीनों आरोपितों को पुलिस ने जेल भेज दिया है.
उक्त कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश मरई, उपनिरीक्षक लक्ष्मीकांत शुक्ला, सउनि हेमंत ध्रुव, आरक्षक रघुराज कर्श, संजय पति, डायमंड यादव, भूपेन्द्र पदमशाली, अंशुल सालुंके का विशेष योगदान रहा.
