फर्जी नंबर से काॅल कर गाड़ी किया बुकिंग, ड्राइवर को चकमा देकर हुआ फरार, जबलपुर से पकड़ाया आरोपी

राजनंदगांव- कोतवाली पुलिस को चकमा देकर फरारा आरोपी को पकड़ने में सफलता मिली है. पुलिस ने आरोपी को मध्य प्रदेश के जबलपुर के पास पकड़ा है. आरोपी एमपी का ही है. जो फर्जी नंबर से गाड़ी बुकिंग कराता था. वह ड्राइवर को चकमा देकर कार लेकर फरार हो जाता था.
मिली जानकारी के अनुसार प्रार्थी फिरन दास साहू दीनदयाल उपाध्याय नगर रायपुर में 25 अगस्त को थाना में रिपोर्ट दर्ज कराया कि 24 अगस्त को अपनी गाड़ी अर्टिका कार क्रमांक सीजी 08 बीए 8887 कीमती 11,00,000 रूपये को किराये पर दिया था. जिसे ड्राइवर संदीप थवाईत रायपुर से बुकिंग पर राजनांदगाॅव लेकर आया था. सवारी उतारने के बाद फोन से पुनः कार का बुकिंग मिला बुकिंग करने वाले व्यक्ति को कार में बैठाया एवं गाड़ी को चाबी लगे हालत में राजनांदगाॅव के रेल्वे स्टेशन के पास रात्रि करीब 7:00 बजे खड़ी कर पेशाब करने चला गया, इस दौरान उक्त अज्ञात व्यक्ति द्वारा कार को चोरी कर ले जाना बताया. रिपोर्ट पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ अप. क्र.13/24 धारा 303 (2) बीएनएस कायम कर विवेचना में लिया गया.
पुलिस अधीक्षक मोहित गर्ग के निर्देश एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राहुल देव शर्मा तथा नगर पुलिस अधीक्षक पुष्पेन्द्र नायक के मार्गदर्शन एवं थाना प्रभारी निरीक्षक एमन साहू के नेतृृत्व मे थाना कोतवाली से टीम गठित कर अज्ञात आरोपी का पता तलाश घटना स्थल एवं उसके आसपास लगेे सीसीटीव्ही कैमरे के फुटेज को खंगाला गया व तकनीकी सहायता लिया गया. फुटेज मे मिले क्लू के आधार पर व कार के ड्रायवर द्वारा बताये गये आरोपी के हुलिया एवं मुखबीर की सूचना पर गठित टीम द्वारा बरगी टोल प्लाजा के पास जबलपुर में मध्यप्रदेश बरगी पुलिस की सहायता से घेराबंदी कर संदेही को पकड़कर पूछताछ करने पर अपना नाम अजय कुमार रजक पिता जालिम रजक उम्र 46 साल निवासी दीठवारा थाना कठुला जिला कटनी का होना बताया. जिसके कब्जे से अर्टिका कार क्रमांक सीजी 08 बीए 8887 कीमती 11 लाख रूपये को बरामद कर जबलपुर से राजनांदगाॅव लाया गया. आरोपी को मंगलवार विधिवत् गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर माननीय न्यायालय पेश किया गया. आरोपी का जेल वारंट जारी होने पर जिला जेल राजनांदगाॅव में दाखिल किया गया है.
उपरोक्त कार्यवाही में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक एमन साहू, सउनि. उदय सिंह चंदेल , आरक्षक प्रदीप जायवाल, भुनेश्वर जायसी एवं थाना स्टाफ की सराहनीय भूमिका रही.
