राजनांदगांव- सुरेश जोशी हत्याकांड मामले के मास्टरमाइंड को राजनांदगांव पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. कोतवाली थाना,साइबर सेल और रेलवे सुरक्षा बल की संयुक्त टीम ने घेराबंदी कर गोंदिया महाराष्ट्र से आरोपी प्रकाश गोलछा को धर दबोचा है. 22 नवंबर पार्रीनाला इण्डियन पब्लिक स्कूल, सुरेश राईस मिल के पास एक अज्ञात पुरूष उम्र करीबन 50-55 वर्ष का शव मिला था. जिसकी पहचान सुरेश जोशी के रूप में पहचान हुई. पुलिस द्वारा मर्ग कायम कर जांच पंचनामा कार्यवाही में लिया गया. पंचनामा कार्यवाही के दौरान परिजन दीपा गुरू पति दीपंकर गुरू द्वारा मृतक के शव को देखकर अपने अपन बड़े भाई सुरेश कुमार जोशी साकिन अरिहंत टावर मानव मंदिर चौक के पास राजनांदगांव के रूप में पहचान किया गया. थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 879/2023 धारा 302, 120-बी, 201, 34 भा.दं.वि. कायम कर विवेचना में लिया गया.


पुलिस अधीक्षक मोहित गर्ग के मार्ग दर्शन व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राहुल देव शर्मा के दिशा निर्देश एवं नगर पुलिस अधीक्षक अमित पटेल के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक एमन साहू के नेतृत्व में थाना कोतवाली की टीम एवं प्रभारी सायबर सेल द्वारिका प्रसाद लाउत्रे सायबर टीम के साथ संयुक्त टीम बनाकर घटना में संलिप्त व्यक्तियों की पतासाजी हेतू तत्काल आरोपी को गिरफ्तार कर ज्युडिशियल रिमाण्ड पर न्यायालय पेश किया गया, जो चारों आरोपी जिला जेल राजनांदगांव में निरूद्ध किया गया था.
प्रकरण के मुख्य आरोपी प्रकाश गोलछा जो सुरेश जोशी हत्या काण्ड का मास्टर माइंड है, जो घटना बाद फरार हो गया था. जिसे पकडने सायबर सेल राजनांदगांव व कोतवाली पुलिस तथा रेलवे सुरक्षा बल राजनंदगांव के सयुक्त गठित टीम को गोदिया, नागपुर, महाराष्ट्र एवं दुर्ग, भिलाई, रायपुर की ओर रवाना किया गया था. गठित टीम द्वारा आरोपी प्रकाश गोलछा को मुखबीर की सूचना पर गोदिया (महाराष्ट्र) में घेराबंदी कर हिरासत में लेकर राजनांदगांव लाया गया.
जानें क्या हैं पूरा मामला
आरोपी प्रकाश गोलछा से हिकमत अमली से पूछताछ करने पर करीबन 15 वर्ष पूर्व से स्कूल की जमीन को लेकर विवाद था इस विवाद में ज्ञानचंद बाफना से उसे पैसा लेना था. करीबन 02 वर्ष पूर्व स्कूल के पूरे कैम्पस की बिक्री हो गई, परंतु उसे उसके हिस्से का पैसा नही दिया गया था. इसके अलावा करीबन ढाई साल पहले में सागर चितलांग्या से सत्यम विहार गंज लाईन में स्थित एक बंगले का 1 करोड़ 38 लाख में सौदा किया था और पूरी राशि भी सागर चितलांग्या को दे चुका था जिसकी जानकारी उसके पिता सूर्यकांत चितलांग्या को भी थी. राशि पटाने के बाद वह पीटा एक्ट में सन् 2021 में जेल चला गया था. जेल से वापस आने के बाद जब वह सागर को रजिस्ट्री के लिए बोला तो वह आनाकानी करने लगा. जिस कारण प्रकाश गोलछा को ज्ञान चंद बाफना एवं सागर चित्लांग्या से रंजिस थी जिनसे वह बदला लेना चाहता था. जिसके लिए प्रकाश गोल्छा ने पेमेन्द्र निर्मलकर, मनीष खूंटेल एवं दयाराम साहू को हर महीने अच्छा पगार देने का लालच दिया एवं बताया कि सुरेश जोशी जो कि ज्ञानचंद बाफना का नौकर है उसे फार्म हाऊस लाकर उससे सुसाइड नोट लिखवाकर जहर देकर मार देंगे एवं उस सुसाइड नोट से ज्ञानचंद बाफना व सागर चितलांग्या को ब्लेक मेल करेंगे और पैसा वसूली करेंगे.
प्रकाश गोल्छा पेमेन्द्र को फोन कर सुरेश जोशी को 02 बजे फार्म हाऊस लाने के लिए बोला एवं स्वयं अपनी स्वीफ्ट गाड़ी से मनीष खुटेल एवं दया राम साहू को फार्म हाउस लाया जहां सभी मिलकर सुरेश जोशी को कोलड्रिंक में जहर मिलाकर पिला दिये जिससे सुरेश जोशी की फार्म हाउस में मृत्यु हो गई. सुबह लगभग 04-05 बजे प्रकाश गोल्छा अपनी उक्त स्वीफ्ट वाहन से सुरेश जोशी के शव को अपने तीनों साथियों के साथ मिलकर पार्रीनाला के पास छोड़ दिया. जिसके पश्चात सुरेश गोल्छा एवं पेमेन्द्र के साथ मिलकर 01 टाईपशुदा पत्र बनवाकर पेमेन्द्र को ज्ञानचंद बाफना के पास पहुंचाने बोला. उसी दिन शाम को प्रकाश गोल्छा को मालूम चला कि पुलिस उसे खोज रही है तो वह मोबाईल बंद करके भाग गया. प्रकाश गोल्छा शातिर अपराधी होने से लगातार अलग अलग लोगों से फोन लेकर अपने परिचितों से सम्पर्क करता था. प्रकाश गोल्छा अगले दिन दुर्ग से नागपुर चला गया. जहां से वह भांदक जैन मंदिर गया दर्शन करने के बाद वापस नागपुर आ गया. लागातार पुलिस को गुमराह करने के लिए स्थान बदल बदल कर रह रहा था. गोंदिया के आसपास होने की सूचना मिलने पर रेल्वे सुरक्षा बल की सहायता प्राप्त कर सायबर सेल एवं थाना कोतवाली की टीम द्वारा घेराबंदी कर प्रकाश गोल्छा को पकड़ा गया. आरोपी प्रकाश गोल्छा से हिकमतअमली से पूछताछ करने पर घटना के संबंध में विस्तार से बताया एवं अपना जुर्म स्वीकार करते हुए मृतक सुरेश जोशी का मोबाईल अपने सोमनी स्थित फार्म हाउस के पीछे खेत से, घटना में प्रयुक्त स्विफ्ट वाहन क्र. सीजी 08 यू 9269 को टेड़ेसरा स्कूल के पीछे से, मृतक सुरेश जोशी से लिखवाया हुआ सुसाईड नोट व धमकी भरे पत्र को अपने गुरूनानक चौक स्थित ऑफिस से बरामद करवाया .
आरोपी के विरूद्व प्रर्याप्त साक्ष्य सबूत पाये जाने पर विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर माननीय न्यायालय पेश किया जाता है .
आरोपी प्रकाश गोलछा के विरूद्व पूर्व में थाना कोतवाली में अप.क्र. 171/2010 धारा 120 बी, 406, 467, 468, 471, भादवि. एवं अप.क्र. 155/2022 धारा 3, 4 5, 7 अनैतिक व्यापार निवारण अधिनियम 1956 दर्ज कर चालान किया गया है.
