दंतेवाड़ा. आज जिला संयुक्त कार्यालय के डंकिनी सभाकक्ष में जन सुनवाई रखी गयी. जिसमें महिला उत्पीड़न से संबंधित प्रकरणों पर सुनवाई की गई. सुनवाई में कुल 10 प्रकरण रखे गये थे. उसमें से आज 9 प्रकरणों को निराकरण करते हुए नस्तीबद्ध किया गया. साथ ही एक प्रकरण की सुनवाई हेतु रायपुर स्थानान्तरण किया गया. जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित सुनवाई में मुख्य रूप से महिलाओं से मारपीट, मानसिक, शारीरिक, कार्यस्थल पर प्रताड़ना से सबन्धित प्रकरणों पर सुनवाई की गई. बैठक की अध्यक्षता छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. किरणमयी नायक ने की. बैठक में छ.ग. महिला आयोग की सदस्य नीता विश्वकर्मा, अर्चना उपाध्याय व कलेक्टर विनीत नंदनवार और एसपी सिद्धार्थ तिवारी उपस्थित थे. बैठक में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग के मामलों पर चर्चा की गई और वर्ष 2020 से 2022 तक जिले में दर्ज हुए एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग के अपराध का ब्यौरा लिया गया. आज जन सुनवाई में कलेक्टर, एसपी सहित उपस्थित लोगों को महिला आयोग की मुख्यमंत्री महतारी न्याय रथ योजना के महत्व से अवगत कराया गया कि किस तरह महिलाओं को अपनी अधिकारों और उत्पीड़न के प्रति जागरूक होना है. साथ ही फिल्मों के माध्यम से आयोग के कार्यों व टोनही प्रताड़ना को दिखाया गया व जागरूक होने के टिप्स भी बताए. कलेक्टर ने महिला आयोग के जन जागरूकता कार्यों को देखते हुए आयोग को डीएमएफ से 10 लाख की राशि मदद करने व जल्द ही जिले में मुख्यमंत्री महतारी न्याय रथ का दौरा गांव-गांव में करवाने की बात कही. ताकि इसके माध्यम से क्षेत्र की महिलाओं में विधिक कानूनी जागरूकता प्रदान किया जा सके. इस दौरान शासकीय अधिवक्ता सुश्री शमीम रहमान, डॉ. अखिलेश कुमार भारद्वाज, जिला पंचायत अध्यक्ष तुलिका कर्मा, महिला बाल विकास विभाग अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे.

