असली बताकर नकली सोना बेचने वाले 5 आरोपी गिरफ्तार, झांसा देकर ऐंठते थे मोटी रकम
दुर्ग- असली सोना बताकर नकली सोना बेचने वाले एक शातिर गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है. पुलिस ने इस मामले में गिरोह के 5 सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से एक आरोपी मध्य प्रदेश का रहने वाला है. आरोपियों के कब्जे से 1 किलो से अधिक वजन के नकली सोने के बिस्किट, सिक्के, एक वैगनआर कार और मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं. सभी आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश कर दिया गया है.
जानकारी के अनुसार, प्रार्थी जितेंद्र साहू ने उतई थाने में शिकायत दर्ज कराई. कि 2 जून को प्रार्थी के परिचित दिनेश टंडन ने अपने दोस्तों के साथ उसे गाड़ाडीह होटल के पास बुलाया. आरोपियों ने जितेंद्र को झांसा दिया कि उनके पास बड़ी मात्रा में सोना है, जिसे वे कम कीमत पर बेच रहे हैं. जितेंद्र ने लालच में आकर सोने जैसी दिखने वाली धातु की एक सिल्ली 10 हजार रुपये में खरीद ली. जब उसने जांच कराई तो वह नकली निकली, जिसके बाद उसने पुलिस में मामला दर्ज कराया.
“जमीन में गड़ा हांडा मिला है…” कहकर देते थे झांसा
मामले की गंभीरता को देखते हुए दुर्ग ग्रामीण एएसपी मणिशंकर चंद्रा के मार्गदर्शन में पुलिस जांच में जुट गई. जांच के दौरान पता चला कि यह गिरोह लोगों को गुमराह करने के लिए एक खास तरीके का इस्तेमाल करता था. आरोपी लोगों से कहते थे कि उन्हें जमीन की खुदाई के दौरान सोने के सिक्कों और बिस्किटों से भरा एक हांडा (घड़ा) मिला है. इसके बाद वे सोने जैसी दिखने वाली सस्ती धातु को असली बताकर कम कीमत पर बेचते और पैसे लेकर फरार हो जाते थे.
पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तार आरोपी
पुलिस ने सबसे पहले प्रार्थी के परिचित दिनेश टंडन को हिरासत में लिया. कड़ी पूछताछ में दिनेश ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर इस धोखाधड़ी को अंजाम देने की बात कबूल की. उसकी निशानदेही पर पुलिस ने 4 अन्य आरोपियों को भी धर दबोचा.
गिरफ्तार किए गए आरोपियों के नाम
दिनेश टंडन – निवासी: गाड़ाडीह, दुर्ग (छत्तीसगढ़)
पन्नालाल कुर्रे – निवासी: कोरबा (छत्तीसगढ़)
गणेश राम गंधर्व – निवासी: कबीरधाम (छत्तीसगढ़)
रामस्वरूप रौतेल – निवासी: डिंडोरी (मध्य प्रदेश)
भानुप्रताप डहरिया – निवासी: पाटन, दुर्ग (छत्तीसगढ़)
